⭕️ टिल्लू शर्मा ✒️टूटी कलम :-रायगढ़:-भाजपा नेता और पूर्व आईएएस अधिकारी ओपी चौधरी के खिलाफ एक कोयला खदान से कोयला चोरी का कथित ‘फर्जी’ वीडियो ट्वीट करने के आरोप में पुलिस ने मामला दर्ज किया तो इसके ख़िलाफ़ भाजपाईयों ने कड़ा विरोध प्रदर्शन करते हुए आज दोपहर भाजपा कार्यालय से रैली निकाली और पुलिस अधीक्षक कार्यालय के सामने मुख्यमंत्री भूपेश बघेल का पुतलदहन करने का प्रयास किया।लेकिन पुलिस प्रशासन ने भी अपनी व्यवस्था दुरुस्त कर रखी थी इसलिए पुलिस बल व भाजपा कार्यकर्ताओं के बीच जबरदस्त झूमाझटकी हुई जिसके बाद भाजपाइयों ने सुभाष चौक में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल का पुतला दहन किया और सांकेतिक रूप से चक्काजाम किया।इस दौरान उन्होंने राज्यसरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए कहा कि-ओपी चौधरी पर दर्ज की गई एफआईआर झूठी है।जो सरकार ने कोल माफियाओं के दबाव पर की है।ओपी चौधरी ने एक जननेता का फर्ज निभाते हुए लचर प्रशासन की खामियों को उजागर किया है फ़िर उन पर झूठी एफआईआर दर्ज किया जाना गलत है।आगे भाजपा कार्यकर्ताओं ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि ओपी पर दर्ज की गई एफआईआर वापस नहीं ली गई या पुलिस उनकी गिरफ्तारी करती है तो वे कोरबा जाकर हजारों की संख्या में अपनी गिरफ्तारी देंगे। टूटी कलम
ओपी के समर्थन में भाजपा ने दिखाई एकजुटता:-विपक्ष में बैठी भाजपा एक लंबे अंतराल के बाद एक अलग अंदाज़ में नज़र आई क्योंकि रायगढ़ भाजपा में जहां किसी भी कार्यक्रम में गुटबाजी साफ़तौर पर देखी जाती है तो वहीं आज भाजपा ओपी के समर्थन में एकजुट दिखाई दी।इस विरोध प्रदर्शन में लगभग वे सभी चेहरे शामिल हुए जो अक्सर अपने विशेष गुट में ही सम्मिलित नज़र आते हैं। टूटी कलम
क्या है पूरा मामला:- दरअसल18 मई ओपी चौधरी ने अपनी फेसबुक से एक वीडियो ट्वीट किया था जिस में लोग खदान से कोयला चोरी करते दिखाई दे रहे थे। ओपी ने दावा किया था कि यह वीडियो एसईसीएल की गेवरा दीपका खदान का है।वीडियो वायरल होने के बाद प्रशासन के खिलाफ जनता का आक्रोश बढ़ गया था। इसी मामले को लेकर युवा कांग्रेस के नेता मधुसूदन यादव ने बांकीमोंगरा थाना में एक शिकायत दर्ज कराई थी।
ज्ञात रहे कि ओपी चौधरी ने वीडियो वायरल करना स्वीकारा….प्रदेश में हुए आंदोलन का कारण ओपी चौधरी द्वारा फेसबुक पर कोयला चोरी को लेकर एक वीडियो वायरल किया गया था। एक अन्य पोस्ट में उन्होंने स्वीकार किया की उनको उक्त वीडियो किसी अन्य के द्वारा उन्हें भेजा गया था।जिसे उन्होंने वायरल किया था। अब प्रश्न यह उठता है कि पूर्व कलेक्टर रह चुके एवँ राष्ट्रीय पार्टी के प्रदेश के पदाधिकारी के द्वारा बगैर अधिकृत जानकारी के वीडियो कैसे वायरल कर दिया। उक्त वीडियो के कारण प्रदेश सरकार की काफी किरकिरी भी हुई । मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने उक्त वायरल वीडियो के सम्बंध में कड़ी कार्रवाई करने की बात कही गई। जिस वजह से भाजपा के द्वारा आनन फानन में पुतला दहन करने का कार्यक्रम आयोजित कर डाला। आज कार्यक्रम के दौरान भाजपाई काफी आक्रोशित भी नजर आये। टूटी कलम


