🔱टिल्लू शर्मा ✒️ टूटी कलम न्यूज़ 🎤 रायगढ़ 🌍 छत्तीसगढ़ 🏹 पिछले दिनों प्रदेश कांग्रेस के द्वारा चुनाव आयोग के आयुक्त ज्ञानेश कुमार के विरोध में वृद्ध आंदोलन किया गया था।
रायगढ़ में इस आंदोलन को सिंदूर पार्क से शुरू किया गया था।जहां हजारों की संख्या में कांग्रेसी उपस्थित हुए।जो बाद में रैली की शक्ल में जिला कलेक्टर को राष्ट्रपति के नाम से ज्ञापन देने हाथों में तख्तियाँ खाने नारे लगाते।कलेक्टर कार्यालय की ओर कूच किए।
कलेक्टर परिसर के बाहर आंदोलनकारियो को रोकने के लिए पुलिस के द्वारा बैरिकेटिंग की गई थी परंतु हजारों की संख्या में उपस्थित कांग्रेसियों को रोकने में पुलिस नाकाम रही। आंदोलनकारी बेरीकेट तोड़ते हुए अंदर घुस गए।
रामचंद्र शर्मा बन गए जनचर्चा का विषय.. आंदोलन में अचानक से रामचंद्र शर्मा पुलिस के द्वारा लगाए गए बेरिकेट पर चढ़ गए और जमकर “वोट चोर ,गद्दी छोड़ नारेबाजी करें। रामचंद्र शर्मा के इस तरह से आगे आने पर मीडिया में बयान बाजी करने वाले वरिष्ठ कांग्रेसी नेताओं के लिए चिंता का विषय बन गया है वैसे संस्कार स्कूल के डायरेक्टर रामचंद्र शर्मा को भाजपा समर्पित माना जाता रहा है। उनके भतीजे सूरज शर्मा वार्ड नंबर 14 से 2-3 बार भाजपा के कमल निशान पर पार्षद का चुनाव लड़ चुके हैं।यदा कदा रामचंद्र को भाजपा के कई कार्यक्रमों में देखा जा चुका है। जिला क्रिकेट संघ के सचिव रामचंद्र को पूर्व मंत्री सतनारायण शर्मा का काफी करीबी भी माना जाता है. रामचंद्र अचानक से कांग्रेस खेमे में दिख जाने और भाजपा के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते देख रायगढ़ का सियासी पारा गरमा गया है। रामचंद्र शर्मा की क्रिकेट खिलाड़ियों, मीडिया वालों, ब्राह्मण समाज में अच्छी खासी पकड़ मानी जाती है। इनको शहर का एक प्रबुद्ध नागरिक माना जाता है। रामचंद्र के कांग्रेस खेमे में देखे जाने की वजह से भाजपा को कहीं ना कहीं नुकसान अवश्य उठाना पड़ सकता है। साथ ही वर्षों से कांग्रेस की राजनीति कर रहे वरिष्ठ कांग्रेसियों के लिए भी रामचंद्र शर्मा सर दर्द साबित हो सकते हैं।


