रायगढ़—- लोग लाठी,मार,गाली,बेज्जती करवा कर कोरोना के डर से नही अपितु पुलिस की मार खाने के भय से घरो में कैद होकर रह गये है.सुबह 9 के बाद से 18 घँटे तक इक्का-दुक्का लोग पुलिस का प्रसाद लेने के लिये 1,2 घँटे में प्रसाद पा ही रहे है
जब तक जिला प्रशासन कुछ दुकानों पर सिलबन्दी की कार्यवाही नही करेगी तब ये दुकानदार भी नही सुधरेंगे

सुबह 5 बजते ही शहर की सुनसान सड़कों पर सब्जी,दूध,अंडा,राशन लेने वालो का हुजूम उमड़ पड़ता है.लोगो की आपस मे दूरी बनाये रखने के लिये निगम आयुक्त राजेन्द्र गुप्ता के निर्देश पर निगम कर्मियों ने पूरे शहर की प्रमुख स्थलों पर रेखांकित किया गया है.बावजूद इसके न दुकानदार ग्राहकों को समझाईश देने प्रेरित होते न और न ही जनता अपनी सुरक्षा समझने को तैयार है.

जब दुकानदार,जनता बातों की भाषा नही समझेगी तो इन्हें पुलिस अधीक्षक, नगर पुलिस अधीक्षक, एस डी एम, थानेदारों,आरक्षको के डंडे से समझाना पड़ेगा.सुबह सुबह किसी को मारना,डांटना,गाली बकना अच्छा नही लगता परन्तु लोग यदि इसके लिये स्वंय तैयार है तो फिर पुलिस को भी कोताही नही बरतनी चाहिए.







