टूटी कलम रायगढ़-विश्ववस्त सूत्र यह बतलाते है कि नए पुलिस अधीक्षक अभिषेक मीणा के पदभार ग्रहण करने के पश्चात जिले में टाइट पुलिसिंग होने लगी है। जिसके मद्देनजर कुशाग्र बुद्धि वाले कप्तान ने धीरे धीरे अपनी फील्डिंग बिछानी शुरू कर थाना प्रभारीयो,आरक्षको को इधर से उधर करना शुरू कर दिया है । आने वाले दिनों में व्यापक फेरबदल की प्रबल संभावना है। कई थानों में तो आमूल चूल परिवर्तन करना पड़ सकता है। टूटी कलम
जुआ,सट्टा, शराब,कबाड़,कोयले के अवैध कारोबार को रोकने पर मीणा का फोकस रहेगा। अगर सूत्रों की माने तो शहर के नामचीन जुआरी जिनमे की महिलाएं भी होती है। उन्होंने शहर से महज 15-17 किलोमीटर के अंदर पुसौर थानाक्षेत्र को अपना सुरक्षित क्षेत्र चुन लिया है। बुधवार,रविवार को इस थानाक्षेत्र में बड़े बड़े जुआरियो की महफ़िल सजती है। जहां सुबह से अंधेरा होते तक लाखो का वारा न्यारा किया जाता है। जहां बकायदा नाश्ता-भोजन का लुफ्त उठाते हुए ताश फेटी जाती है। दर्जनों दुपहिया वाहनों के माध्यम से बावन परी के प्रेमी पूर्व से निर्धारित स्थान पर पहुंचते है। जिसकी इत्तिला पहले से ही रक्षकों को दे दी जाती है। अपने अपने वाहन अलग अलग जगहो पर खड़े कर दिए जाते है ताकि किसी को भीड़भाड़ होने का शक न हो सके। सूत्र बतलाते है कि खेल खेलने से पूर्व नजराने की रकम लिफाफे के द्वारा पहले चढ़ा दी जाती है। जिसके बाद “सैयां भये कोतवाल तो डर काहे का”मानकर मदिरा की चुस्की के सांथ गेम शुरू कर दिया जाता है। बीच बीच मे रक्षक भी चुस्की लगाने आते जाते रहकर हरी झंडी दे जाते है जानकार लोग बतलाते है कि धुतप्रेमियो में सभ्रांत सरीखी महिलाएं भी दांव लगाने पहुंचती है। जिनके पत्ते फेंटने को देखकर अच्छे अच्छे जुआरी भी दांतो तले अंगुलिया दबा लेते है और नजरें एकटक हो जाती है। टूटी कलम







