✒️ टिल्लू शर्मा टूटी कलम रायगढ़….नेशनल लोक अदालत रायगढ़ के जिला न्यायालय में सुनसान रहा। जहां एक और अधिवक्ता लोक अदालत के कार्यो से दूर रहे तो वही पक्षकार भी न्यायालय नहीं पहुंचे। कुछ मामलों को छोड़ दिया जाए तो लोक अदालत में निपटारे के लिए रखे गए अधिकांश मामले अधिवक्ताओं के बिना निराकृत नहीं हो सके। अब अधिवक्ताओं एवं न्यायालय की ओर से दो अलग-अलग दावे किए जा रहे हैं अधिवक्ताओं का कहना है कि जिला न्यायालय में न्यायालय की ओर से अधिवक्ताओं को आमंत्रित नहीं किए जाने की बात पर अधिवक्ताओं ने न्यायालय के गेट पर धरना प्रदर्शन करते हुए अपना विरोध प्रदर्शन किया। इस विरोध प्रदर्शन को देखकर पक्षकार भी अपने मामलों के निपटारे के लिए नेशनल लोक अदालत में नहीं पहुंचे।
इस संबंध में जानकारी देते हुए अधिवक्ता संघर्ष समिति के सह संयोजक सत्येंद्र सिंह ने बताया कि नेशनल लोक अदालत में न्यायालय की ओर से अधिवक्ताओं की ड्यूटी नहीं लगाई गई थी इस बात का विरोध रायगढ़ जिला अधिवक्ता संघ के सभी सदस्य संघर्ष समिति के नेतृत्व में न्यायालय के गेट पर धरना प्रदर्शन के लिए बैठ गए । वहीं दूसरी ओर जिला न्यायालय के जिला एवं सत्र न्यायाधीश रमा शंकर प्रसाद ने बताया कि विरोध प्रदर्शन अधिवक्ताओं की ओर से किया गया था। इस विरोध प्रदर्शन में अधिवक्ताओं के साथ साथ पक्षकार भी काफी कम संख्या में न्यायालय पहुंचे इस कारण लोक अदालत मे इसका असर देखने को मिला। टूटी कलम







