🔴पुलिस के अपराधियो से गलबहियां न करने पर किसी भी तरह का अपराध न हो सकता और न घट सकता🔴 अंधेरे में कदम बढ़ा रही रायगढ़ पुलिस के नाम एक और बड़ी उपलब्धि मिली🔴लूट के इरादे से गोलीकांड कर भागे आरोपियों में से मास्टरमाइंड सहित 3 अन्य अपराधियो को पुलिस ने धर दबोचा🔴
रायगढ़—— गत 01 मार्च को ग्रामीण बैंक धरमजयगढ़ की खम्हार शाखा का कैशियर रोजाना की तरह पिट्ठू बैग लटकाए धरमजयगढ़ से खम्हरिया जाने के लिए सुबह अपनी मोटरसाइकिल से निकला।जिसकी मोटरसाइकिल के पीछे 2 अन्य मोटरसाइकिले चलने लगी थी। जिनपर 4 नकाबपोश पहने लोग थे। सुनसान जगह मिलते ही 1 मोटरसाइकिल के पीछे बैठे नकाबपोश संदीप राठिया ने बैंक कैशियर पर फायर किया परन्तु रिवाल्वर के जाम हो जाने की वजह से फायर न हो सका। तब अन्य दूसरी मोटरसाइकिल में सवार नकाबपोश जिसका नाम कल्याण दास बतलाया जा रहा है ने देशी कट्टे से फायर कर दिया। जिससे निकली गोली कैशियर के कंधे पर लगी और कैशियर सड़क किनारे झाड़ियों में मोटरसाइकिल सहित गिर गया। तब 4 में से एक नकाबपोश ने घायल हुए कैशियर का पिठ्ठू बैग छीन लिया और आरोपीगण मोटरसाइकिलो से भाग खड़े हुए। 1 किलोमीटर आगे जाने पर घटना में शामिल 2 अन्य अपराधी भी साथ हो गए। इस तरह 1,1 किलोमीटर की दूरी पर 3 मोटरसाइकिल पर सवार 6 लोगो ने घटना को अंजाम दिया।
*जंगली रास्तो का ही उपयोग किया अपराधियो ने,मोबाईल से कोई कनेक्शन नही किया* इस घटना की प्लानिग इतने जबरदस्त तरीके से की गई थी कि पुलिस के हाथों कोई सूत्र न लग पाये। जिसके लिये अपराधियो ने भागने के लिए जंगली रास्तो का निरीक्षण पहले ही से कर लिया था ताकि वे कही के भी सीसीटीवी फुटेज में न आये और उन लोगो ने घटना को अंजाम देने के लिए किसी भी तरह से मोबाईल फोन का उपयोग भी नही किया था। जिससे वे आसानी से अपनी पहचान छिपाने में सफल रहे।
*पुलिस ने बना लिया था अपनी प्रतिष्ठा का प्रश्न* बड़े बड़े अपराधों का खुलासा करने में माहिर,तीन बार इंद्रधनुष पुरस्कार प्राप्त जिला पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार सिंह,अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अभिषेक वर्मा,नगर पुलिस अधीक्षक अविनाश सिंह ठाकुर,एस डी ओ पी धरमजयगढ़ सुशील नायक,थाना प्रभारी अंजना केरकेट्टा की पेशानी पर बल पड़ गया। पुलिस अधीक्षक ने इस घटना के लिए कई पुलिस टीमें बनाकर प्रत्येक एंगल से जांच कर शीघ्र ही अपराधियो को धर दबोचने के सख्त आदेश दिए थे। जिसके बाद लगातार 13 दिनों तक अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, नगर पुलिस अधीक्षक, एस डी ओ पी ने धरमजयगढ़ में डेरा डाल लिया और जांच में तेजी ला दी। सब तरफ ख़बरीलालो को सक्रिय कर दिया गया था जिसका साकारत्मक परिणाम आ गया।
*एस डी ओ पी धरमजयगढ़ सुशील नायक बने घटनाक्रम का पर्दाफाश करने के नायक* पुलिस की जांच में सुशील नायक के खबरीलाल ने खबर दी कि कोरबा के डॉक्टर मेहता की हत्या का आरोपी अंजूलस एक्का कोरबा जेल में निरुद्ध था। जो कि जेल से छूटने पर धरमजयगढ़ क्षेत्र में देखा गया था। इतनी सूचना ही पुलिस की सफलता के लिए रामबाण साबित हुई। सुशील नायक की टीम संदेही अंजूलस को उसके कोरबा जिले के ग्राम लेमरू से धरमजयगढ़ ले आई।पुलिसिया पूछताछ में शातिर हत्यारे,लुटेरे अंजूलस ने मेमने की तरह मिमयाना शुरू कर पूरे घटनाक्रम की दास्तां एवं शामिल लोगों के नाम बयां कर दिए। जिससे घटना को अंजाम देने वाले 3 अन्य अपराधियो को भी धर दबोचकर खूब सत्कार किया गया। तब उन्होंने झारखण्ड भागे अन्य 2 अपराधियो के नामो का खुलासा कर दिया। पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार सिंह के आदेश पर पुलिस की कई टीमें फरार हो गए अपराधियो को धर दबोचने की खातिर दीगर प्रांत रवाना कर दी गई है। जो लगातार उनके छिपने की सम्भावनाओ के स्थल पर दबिश दे रही है। जिनके शीघ्र ही चंगुल में आ जाने के आसार है।
* नमकहराम लुटेरों ने घायल कैशियर का टिफिन तक खा लिया था* लूट के बाद आरोपियों ने जंगल मे जब बैग खोलकर देखा तो उनके पैरों के नीचे से जमीन सरक गई क्योंकि लुटेरों को बैग में 10-15 लाख रुपये नगदी होने का अंदेशा था परन्तु बैग में कागजात और भोजन का टिफिन आदि निकले। जिस पर लुटेरों ने कैशियर के टिफिन में रखी रोटी,दाल, मूली की सब्जी को अपने उदर के हवाले कर टिफिन भी जंगल मे ही फेक दिया। कपड़े रखने के काम आयेगा बोलकर अंजूलस ने बैग अपने आस रख लिया। जिसके बाद सब अलग अलग हो गए थे एवं इस लूट की असफलता से हताश होकर किसी बड़ी घटना को अंजाम देने पर मंथन कर रहे थे कि उनको संतोष कुमार सिंह की टीम ने धर दबोचा। भविष्य में इस गैंग के द्वारा किसी बड़ी घटना को अंजाम देना सुनिश्चित माना जा सकता था।
*आदतन अपराधी है सब आरोपी* पकड़ाये गए आरोपियों में से 02 आरोपी अंजूलस एक्का एवं संदीप राठिया ने 04.12.2020 में तमनार के तेजराम पटेल से कोसाबाड़ी के समीप 50,000 रुपये से भरा बैग लूटना एवं उसका भी भोजन हजम करना स्वीकार किया। सभी आरोपियों पर गम्भीर अपराध के मामले कई थानों में दर्ज है। जिसमे हत्या,चोरी,मारपीट,राहजनी,आदि है।






