
रायगढ़——जंग और चुनाव में एक हारता है तभी दूसरा जीतता है। चेम्बर चुनावो में प्रत्याशियों के नाम की घोषणा होते ही “टूटी कलम” ने बाकायदा चारो प्रत्याशियों का सामाजिक,राजनैतिक, आर्थिक दृष्टिकोण का आंकलन कर “सुशील -शक्ति ” के जीत का कारण लिख दिया था। टूटी कलम ने जो भविष्यवाणी की थी वह शत प्रतिशत खरी साबित हुई।
चेम्बर चुनाव में किसी घराने की हरजीत नही अपितु लोगो से मधुर सम्बन्ध,समाजिकता,समदर्शी,मिलनसारिता,मितव्यवता की जीत हुई है। सहज,सरल,सुशील-शक्ति को घमंड,गुरुर से परे रहने के कारण जीत हासिल हुई है।
इंसान को हमेशा इंसान बनकर रहना चाहिए। जीवन मे न जाने कब? किसे? किस इंसान की जरूरत आन पड़े। हर जगह पैसा ही काम नही आता। बतमीजी तो हर कोई कर सकता है। घमंड हर कोई पाल सकता है परन्तु यह तरक्की के मार्ग में अवरोध ही उतपन्न करते है। पूरा जीवन सामने वालो को तुच्छ समझने वालों को घर घर,दुकान दुकान जा कर अंततः वोटो की खातिर हाथ जोड़ने पड़ गए।तब गुरुर,घमंड चकनाचूर हुआ कि नही। इसलिए मनुष्य को सामान्य जीवन व्यतीत करना चाहिए।








