
🔭 टिल्लू शर्मा ✒️टूटी कलम रायगढ़ छत्तीसगढ़ जैसा कि इस वर्ष के नवंबर माह में प्रदेश स्तरीय विधानसभा चुनाव होना है। जिसको जानते समझते मद्देनजर भाजपा के संभावित उम्मीदवारों ने अपनी राजनीति हलचल बढ़ा दी है। जहां 1 दिन पूर्वक भाजपा के कद्दावर नेता गुरपाल भल्ला ने शहर में होर्डिंग लगवाकर रायगढ़ विधायक प्रकाश नायक को जनता की अदालत में खड़े कर दिया गया है। जिसकी तीखी प्रतिक्रिया मीडिया एवं सोशल मीडिया में देखी जा रही है । भल्ला के द्वारा किया गया उक्त कार्य पान दुकानों, टी स्टालों,रेहड़ी वालों,ठेले,खोमचे वालो,नाश्ता दुकानों में, जनचर्चा का विषय बन गया। भाजपा -कांग्रेस से जुड़े राजनीति लोगों को बात करने का समय व्यतीत करने लायक मुद्दा मिल गया। भल्ला तर्ज पर एक कदम आगे निकलते हुए। कट्टर हिंदू समर्थक राम भक्त, देवी के उपासक, आशीष ताम्रकार ने विधायक रायगढ़ के अतिरिक्त निगम की महापौर जानकी काटजू निगम के सभापति जयंत ठेठवार पर निशाना साधते हुए उनसे कई प्रश्नों की झड़ी लगाने वाले होर्डिंग्स लगवाकर रायगढ़ विधानसभा का राजनीतिक पारा बढ़ा दिया है। आशीष के द्वारा होर्डिंग्स लगवाने को जनता उनकी रायगढ़ विधानसभा सीट से चुनाव लडने का अर्थ तलाश रही है। ऐसा की कांग्रेस के किसी नेता ने कहा था कि कैप्टन बनने की इच्छा हर खिलाड़ी की होती है जिसके लिए उसके द्वारा दावेदारी करना अनुचित नहीं है। इसी तरह विधानसभा की टिकट किसी के द्वारा भी मांगा जा सकता है। हालांकि चुनाव होने में समय है परंतु हर संभावित उम्मीदवार अपने अपने तरीके से अपनी इच्छा जाहिर कर आलाकमान का ध्यान अपनी और आकर्षित करने में लग गए हैं। चुनाव आते तक कई वे चेहरे सामने आ जाएंगे जिनकी चुनाव लड़ने की प्रबल इच्छा होगी।
वर्तमान में आशीष ताम्रकार भाजपा से निष्कासित है परंतु ताम्रकार स्वयं को कभी भी भाजपा से जुदा नहीं समझे है और ना ही समझेंगे। वे भाजपा के प्रत्येक कार्यक्रम में बकायदा भाजपाई के रूप में उपस्थित रहते हैं। भाजपा के कार्यक्रम आशीष की उपस्थिति से सफल हुआ करते हैं। इनके पास समर्थकों एवं युवाओं की बहुत बड़ी टोली है। जो हर राजनीति कार्यक्रमों में आशीष के साथ कदमताल करती है। अभी पूर्व में ही वार्ड क्रमांक 27 में हुए उपचुनाव में भाजपा प्रत्याशी सरिता राजेंद्र ठाकुर ने एक तरफा जीत हासिल कर कांग्रेसी प्रत्याशी को जबरदस्त शिकस्त दे दी गई। भाजपा प्रत्याशी की जिसका पूरा श्रेय आशीष ताम्रकार को ही दिया गया है। आशीष ने दिन रात मेहनत कर वार्ड के प्रत्येक मतदाता से भाजपा के पक्ष में मतदान करने की खातिर ठंड के दिनों में भी जमकर पसीना बहाया था। जिसका संदेश प्रदेश भाजपा संगठन तक गया था। जिस वजह से शीघ्र ही आशीष का निष्कासन समाप्त करने के आसार नजर आ रहे हैं। वार्ड नंबर 27 में भाजपा की जीत का पारितोषिक आशीष को दिया जाना लंबित है। जिसे कभी भी दिया जा सकता है।
वैसे तो ताम्रकार के रायगढ़ विधायक के साथ दोस्ताना एवं मधुर संबंध है परंतु दोनों की विचारधाराओं में असमानताएं हैं। जब एक ही घर में दोनों राजनीतिक पार्टियों के समर्थक पाए जाते हैं जिनकी अलग अलग विचारधाराऐं होती है। जिनमें मतभेद होता है किंतु मनभेद नहीं होता है। कुछ इसी तरह का संबंध विधायक एवं ताम्रकार के बीच है। वैसे तो इन दोनों को अलग-अलग समझा जाता है किंतु राजनीति के अतिरिक्त दोनों में मधुर संबंध है।





