🔱 टिल्लू शर्मा ✒️ टूटी कलम 🎤 न्यूज़ रायगढ़ 🌍 छत्तीसगढ़ 🏹…सैलून संचालिका सुनीता अग्रवाल के उन्नति के ओर बढ़ते कदम यहां के कुछ लोगों को रास नहीं आ रहा है।जमीन से उठी और अपनी हाड़ तोड़ मेहनत के बदले महिला सशक्तिकरण की मिसाल पेश कर सुनीता ने बड़े एवं धनाढ्य लोगों की पेशानी पर बल ला दिया है।अपने व्यवसाय के शुरुआती दौर में सुनीता को पन्नी वाली के नाम से जाना जाता था।सुनीता अल सुबह उठकर रायगढ़ ,जशपुर,सारंगढ़, सक्ति ,जांजगीर चांपा,कोरबा,बिलासपुर,रायपुर जिलों के गांव गाँव शहरों में ट्रेन,बसों के माध्यम से पहुंच जाती थी और दिन भर भाग दौड़ कर केरी बैग ( पन्नी) ,थैलों का ऑर्डर लाती थी और प्रिंट हो जाने पर छोड़ने जाती थी एवं पुनः पेमेंट लेने जाती थी जिसके बदले में उसे महज कमीशन मिलता था।समय का चक्र घूमता रहा और सुनीता अपनी मेहनत के बलबूते पर स्वयं का जी बी प्रिंटर्स के नाम से कैरी बैग, थैले छापने का कार्य शुरू की,फिर डिग्री कॉलेज के पास ब्लेजा पार्लर के नाम से ब्यूटी पार्लर खोला गया
मेहनत करने वालों की कभी हार नहीं होती..उक्त कथन को सुनीता ने चरितार्थ कर दिखाया और शहीद चौक पर महंगे किराए पर भवन लेकर जीवास सैलून की नींव रखी.यहां काम खूब चल निकला और जीवास सैलून एक ब्रांड बन गया. जगह कम होने के बावजूद सुनीता ने हार नहीं मानी. जीवास प्रतिष्ठित घरानों,उद्योगपतियों,अधिकारियों के पूरे परिवार की पहली पसंद बन गया।
स्टेशन रोड पर दुकान खरीदने से मचा हड़कंप…एक मेहनतकाश महिला ने जीवन भर कड़ी मेहनत कर पाई पाई जोड़कर शहर के प्रमुख स्टेशन रोड में दुकान खरीदना पुरुष समाज का पेट दर्द बन गया। शहिद चौक पर किराए की दुकान छोड़ कर स्टेशन रोड पर दुकान खरीदना बहुतों को रास नहीं आया।जिसकी शिकायत कलेक्टर से लेकर रायपुर तक की गई थी एवं सेठ किरोड़ीमल जी की संपतियों की जांच की मांग उठाई गई थी। मगर भगवान मेहनती लोगों का साथ देता है और जीवास सैलून का भव्य उद्घाटन हो गया।
तरह तरह के पैंतरो का दौर शुरू हो गया..सैलून संचालिका को परेशान करने की खातिर एक अन्य महिला की मदद से सोशल मीडिया पर जीवास की बदनामी करनी शुरू कर दी।उक्त महिला पर कानूनी प्रक्रिया शुरू की जा रही है।
निगम ने काटा 10 हजार रुपए का जुर्माना,..किसी के द्वारा जीवास सैलून के पीछे संकरी सी , यातायात शून्य गली में अतिक्रमण करने की शिकायत कर दी,जिस पर संज्ञान लेते हुए निगम का तोडू दस्ता मौके पर पहुंच गया और बाहर रखे जनरेटर के स्थान को अतिक्रमण करना बताते हुए 10 हजार रुपए का जुर्माना ठोक दिया गया।जबकि उक्त स्थल न राष्ट्रीय राज मार्ग है और ना ही मुख्य मार्ग है दिनभर सुनसान रहने वाले मार्ग से शायद ही कोई आता जाता होगा।उक्त स्थान पर कुछ गोदाम है।जिस वजह से गोदाम वालो की वाहन खड़ी रहती है.
अतिक्रमण की चपेट है प्रमुख गलियाँ..यदि निगम प्रशासन गलियों के भीतर कार्रवाई कर रहा है तो शहर की इन गलियों को अतिक्रमण मुक्त करवा दे।जिससे शहर के भीतर यातायात का दबाव खत्म हो जाएगा,.
1.गांधी चौक टटरा दुकान से श्याम मंदिर होते हुए संजय कॉम्प्लेक्स प्रवेश द्वार तक 2. काली बाड़ी के सामने से सेवा कुंज मार्ग तक 3.सेवाकुंज के बगल से गायत्री मंदिर मार्ग 4. न्यू मार्केट से पैलेस रोड (डालडा गली) 5. अशर्फी देवी महिला चिकित्सालय के बगल से जनकर्म प्रेस, हंडी चौक गली 6.लालटंकी से गांजा चौक गली 7.दानीपारा से बीड़ पारा गली 8.दानीपारा से पुराना सादर बाजार गली 9.काली निकेतन से स्टेशन रोड गली एवं अन्य सभी गलियों पर ध्यान दिया जाए तो और गालियों के शहर रायगढ़ की सभी गलियों को यदि अतिक्रमण मुक्त कर, यातायात के लिए सुगम बना दिया जाए तो शहर के भीतर यातयात का दबाव खत्म हो सकता है और सुभाष चौक से लालटंकी केवड़ाबाड़ी मार्ग के चौड़ीकरण की आवश्यकता नहीं पड़ेगी.










