🎤 टिल्लू शर्मा ✒️ टूटी कलम रायगढ़ छत्तीसगढ़ अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर जिला प्रशासन के द्वारा आमंत्रित किए गए विशिष्ट अतिथि एवं मुख्य अतिथि ने योग करना उचित नहीं समझा। मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित उच्च शिक्षा मंत्री उमेश नंदकुमार पटेल, विशिष्ट अतिथि के रूप में आमंत्रित सांसद गोमती साय, विधायक लालजीत सिंह राठिया, विधायक चक्रधर सिंह सिदार योगाभ्यास कार्यक्रम से दूर रहे। रायगढ़ विधायक प्रकाश नायक, जिला पंचायत अध्यक्ष रायगढ़ नगर पालिका निगम की महापौर जानकी काटजू सभापति जयंत ठेठवार आदि ,जिला कलेक्टर तारण प्रकाश सिन्हा, जिला पुलिस अधीक्षक सदानंद कुमार, रायगढ़ अनुविभागीय अधिकारी गगन शर्मा, अतिरिक्त जिला प्रशासन पुलिस प्रशासन निगम प्रशासन के अधिकारी कर्मचारी सीमित चेहरों के रूप में उपस्थित रहे।
गलती की शुरुआत जिला प्रशासन के द्वारा छपवाये गए आमंत्रण पत्र में ही दृष्टिगोचर हो गई थी। सर्वप्रथम यह प्रसारित किया गया कि अंतरराष्ट्रीय योग दिवस रायगढ़ स्टेडियम में संपन्न किया जाएगा। बाद में स्थान बदलकर शहीद विप्लव त्रिपाठी मिनी स्टेडियम कर दिया गया किंतु आमंत्रण पत्र में शहीद विप्लव त्रिपाठी का नाम विलोपित करते हुए केवल मिनी स्टेडियम का पता कलेक्टर कार्यालय के बाजू छपवाया गया था। जबकि मिनी स्टेडियम एसडीएम कार्यालय के सामने, परिवहन विभाग कार्यालय के पीछे, चक्रधर नगर थाना से सटा हुआ है।
जहां राजधानी रायपुर में प्रदेश के मुखिया भूपेश बघेल द्वारा योग किया गया वही रायगढ़ में उच्च शिक्षा मंत्री सहित क्षेत्रीय विधायकों की अनुपस्थिति को लेकर शहर में बुद्धिजीवी वर्ग के बीच खुसुर फुसुर घर से देखा गया।
नहीं बांटी गई टी-शर्ट इसलिए आमजन की उपस्थिति नहीं देखी गई प्रदेश सरकार के द्वारा अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के पूर्व योगाभ्यास में भाग लेने वाले योगियों को छत्तीसगढ़ सरकार का लोगो, एवं योग की फोटो छपी हुई सफेद रंग की टी-शर्ट बाटी जाती थी परंतु इस बार टी-शर्ट ना मिलने की वजह से आम जनमानस, खिलाड़ियों में कोई उत्साह नहीं देखा गया। इसी तरह प्रदेश सरकार के द्वारा घर पर योग करने की फोटो आमंत्रित की जाती थी। जिन्हें पुरस्कृत भी किया जाता रहा है। मगर इस बार कोई उत्साह नहीं देखा गया।
योगाचार्यों के स्थान पर योगिनियो के द्वारा योगा अभ्यास करवाया गया जिला प्रशासन के द्वारा अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस मनाया गया जिसमें युवतियों के द्वारा योगाभ्यास सिखाया गया। इसी तरह का योगाभ्यास जिला भाजपा कार्यालय में भी देखा गया। क्या शहर में योग करवाने वाले योगाचार्यों की कमी है ? हार्ड (कठिन) शीर्षासन, नौकासन, गरुड़ासन, धुनुषआसन, हनुमासन, ताड़ासन,मयूरासन आदि सरीखे शारीरिक फायदेमंद आसन का अभ्यास नहीं करवाया गया। आसन कठिन जरूर है परंतु उतने ही फायदेमंद है।






